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Wednesday, July 24, 2013

हिट एंड रन मामले में सलमान के खिलाफ आरोप तय

हिट एंड रन मामले में सलमान के खिलाफ आरोप तय

Wednesday, 24 July 2013 17:27

मुंबई। मुंबई की एक अदालत ने आज यहां वर्ष 2002 के हिट एंड रन मामले में अभिनेता सलमान खान के खिलाफ गैरइरादतन हत्या सहित अन्य आरोप तय किये जिसके लिए सलमान को 10 साल तक के कारावास की सजा हो सकती है। 
इससे पहले अभिनेता के खिलाफ एक मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में लापरवाही से मौत :आईपीसी की धारा 304ए: के मामले में सुनवाई हुई थी जिसमें केवल दो साल की अधिकतम सजा का प्रावधान है। उनके खिलाफ अब गैरइरादतन हत्या के आरोप में अधिक कठोर धारा के तहत सुनवाई होगी जिसमें अधिकतम 10 साल के कारावास की सजा का प्रावधान है।
सत्र न्यायाधीश यूबी हजीब ने सलमान पर लगे आरोप पढ़कर सुनाए और सलमान ने खुद को निर्दोष बताया ।
अब अदालत में सुनवाई शुरू होगी और गवाहों को बुलाकर उनके बयान दर्ज किये जाएंगे।
स्लेटी रंग की कमीज और काले रंग की पैंट पहने खान सत्र न्यायाधीश यूबी हजीब के सामने पेश हुए। खान पर भारतीय दंड संहिता :आईपीसी: की धारा 304 :2: :गैरइरादतन हत्या: के अलावा धारा 279 :लापरवाही से मौत:, धारा 337 :चोट पहुंचाना:, धारा 338 :गंभीर चोट पहुंचाना:, धारा 427 :संपत्ति को नुकसान पहुंचाना: और शराब के नशे में वाहन चलान पर बंबई निषेध अधिनियम और मोटर वाहन अधिनियम के कई प्रावधानों के तहत आरोप तय किए गए।
अभिनेता ने सुनवाई के दौरान निजी रूप से उपस्थित होने से छूट मांगी जिसे मंजूर कर लिया गया  लेकिन उन्हें निर्देश दिया गया कि अदालत को जब भी जरूरत हो, उन्हें पेश होना होगा।
सुनवाई की शुरूआत में, न्यायाधीश ने यह कहते हुए आरोप तय करने से इंकार किया था कि उनका तबादला हो गया है और कहा कि सुनवाई के लिए नये न्यायाधीश को जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
अभिनेता के वकील श्रीकांत शिवाडे ने अनुरोध किया कि आरोप तय करने की प्रक्रिया को टाला जाए। हालांकि अभियोजक शंकर इरांडे ने कहा कि देरी से बचने के लिए आरोप आज ही तय होने चाहिए। 

इसके बाद अदालत ने आरोप तय किये और इस मामले को 19 अगस्त के लिए स्थगित कर दिया।
सलमान के वकील के अनुरोध पर अदालत ने मीडिया से संयम बरतने और इस मामले में सही तरह से खबर देने के लिए कहा।
गौरतलब है कि 28 सितंबर 2002 को उपनगर बांद्रा में एक बेकरी के बाहर फुटपाथ पर सो रहे लोगों को एक लैंडक्रूजर गाड़ी से कुचल दिया गया था जिसमें एक व्यक्ति की मौत हुई थी जबकि चार अन्य घायल हुए थे। यह गाड़ी कथित रूप से सलमान खान चला रहे थे।  
इससे पहले सलमान खान के खिलाफ एक मेट्रोपोलिटन अदालत ने सुनवाई की थी और कुछ गवाहों से पूछताछ के बाद सुनवाई बंद कर दी गई। अदालत ने कहा कि अभिनेता के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का अपराध बनता है। इसके बाद अदालत ने नये सिरे से सुनवाई के लिए इस मामले को सत्र न्यायालय के पास भेज दिया।      सत्र न्यायालय ने 24 जून को एक मजिस्ट्रेट के आदेश को बरकरार रखा था जिसमें कहा गया था कि बालीवुड अभिनेता के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का अपराध बनता है और इस फैसले के खिलाफ सलमान की अपील खारिज कर दी गई थी।
सत्र अदालत 19 अगस्त को कार्यकर्ता संतोष दौंडकर और सलमान के वकील द्वारा दायर दो संबंधित याचिकाओं पर अपना आदेश सुनाएगी। अदालत ने आज केवल मौखिक रूप से मीडिया से रिपोर्टिंग के समय संयम बरतने के लिए कहा।
इससे संबंधित घटनाक्रम में, दौंडकर की अधिवक्ता आभा सिंह ने आज पिछली सुनवाई के दौरान कथित रूप से झूठे सबूत देने के लिए पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग वाली याचिका को मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत से सत्र न्यायालय में भेजने की मांग की।

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